मूल श्लोक
इदं ते नातपस्काय नाभक्ताय कदाचन ।न चाशुश्रूषवे वाच्यं न च मां योऽभ्यसूयति ॥
लिप्यंतरण (रोमन)
idaṃ te nātapaskāya nābhaktāya kadācana na cāśuśrūṣave vācyaṃ na ca māṃ yo'bhyasūyati
अनुवाद
जो तप नहीं करता, भक्ति नहीं करता और सुनने की इच्छा नहीं रखता, तथा जो मेरी निन्दा करता हो, उसे यह (गुह्य) कभी मत बतलाना